कंप्यूटर की जगह झाड़ू-पोछा: छात्रों का आक्रोश, प्रिंसिपल के हटने की मांग

एक सरकारी स्कूल में छात्रों को कंप्यूटर कक्षाओं के बजाय झाड़ू-पोछा करने के लिए मजबूर किया गया, जिससे छात्रों में भारी आक्रोश फैल गया है। छात्र और अभिभावक मिलकर प्रिंसिपल को हटाने की मांग कर रहे हैं।

घटना की पृष्ठभूमि

यह घटना उस समय प्रकाश में आई जब कुछ छात्रों ने इस अनुचित व्यवहार के बारे में शिकायत की। छात्रों के अनुसार, उन्हें कंप्यूटर की शिक्षा देने के बजाय स्कूल के सफाई कार्य में लगाया जा रहा है।

छात्रों और अभिभावकों की प्रतिक्रिया
  • छात्रों ने इसे शिक्षा के अधिकार का उल्लंघन बताया और कहा कि यह उनके भविष्य के लिए हानिकारक है।
  • अभिभावकों ने स्कूल प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाया और तत्काल सख्त कार्रवाई की मांग की।
प्रशासन की प्रतिक्रिया

स्कूल प्रशासन ने इस मामले की जांच कराने का आश्वासन दिया है। हालांकि, प्रिंसिपल की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है।

सरकार की भूमिका

शिक्षा विभाग ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच के आदेश दिए हैं और कहा है कि दोषी पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की जाएगी।

निष्कर्ष

यह घटना शिक्षा प्रणाली में सुधार की आवश्यकता को उजागर करती है। छात्रों का भविष्य सुनिश्चित करने के लिए ऐसे मामलों में त्वरित और प्रभावी कार्रवाई आवश्यक है।